आपकी छत से एक-दूसरे के करीब दिखाई देंगे शुक्र और बृहस्‍पति ग्रह! इस दिन मिलेगा मौका

आसमान में होने वाली घटनाएं वैज्ञानिकों और स्‍काईवॉचर्स को हैरान करती हैं। ऐसी ही एक घटना आने वाले दिनों में देखने को मिलेगी। हमारे सौर मंडल का सबसे पहला ग्रह बुध है। उसके बाद शुक्र (Venus), फ‍िर पृथ्‍वी, मंगल, बृहस्‍पति (Jupiter) आदि ग्रहों का नंबर आता है। इनमें से शुक्र और बृहस्‍पति ग्रह वैज्ञानिकों का रोमांच बढ़ाने वाले हैं, क्‍योंकि ये एक-दूसरे के करीब आ रहे हैं। दोनों ग्रहों के बीच यह संयोजन (conjunction) 1 मार्च को होगा। रिपोर्ट्स के अनुसार, यह एक दुर्लभ घटना होगी। कैसे आप इसका गवाह बन सकते हैं, आइए जानते हैं।      

इन कन्जंगक्शन के बारे में Nasa अपने ब्‍लॉग्‍स के समझा चुकी है। उसके मुताबिक इनका कोई खगोलीय महत्‍व नहीं होता। ये घटनाएं सिर्फ देखने के लिए होती हैं, क्‍योंकि ऐसे नजारे मंत्रमुग्‍ध कर देते हैं। हमारे सौरमंडल में ग्रह एक-दूसरे के करीब अक्‍सर आते हैं, क्‍योंकि सभी ग्रह सूर्य का चक्‍कर लगाते हैं।  

एक रिपोर्ट के अनुसार, इस नजारे को सूर्यास्‍त के बाद यानी रात होने पर आसमान में देखा जा सकेगा। आप पश्चिम-दक्षिण-पश्चिम में आसमान में देखने की कोशिश कर सकते हैं। हालांकि बेहतरीन व्‍यू देखने के लिए छोटी दूरबीन बेहतर होंगी। इसके अलावा, कम प्रदूषण और घने अंधेरे वाले इलाकों से अच्‍छा नजारा दिखाई देगा। बताया जा रहा है कि बृहस्‍पति के चार चंद्रमाओं में से 3 चंद्रमा भी इस दौरान दिखाई दे सकते हैं। 
 

यहां एक बात ध्‍यान में रखने वाली है कि शुक्र और बृहस्‍पति ग्रह असल में एक-दूसरे से बहुत दूर होंगे। ग्रहों के कन्जंगक्शन का मतलब है पृथ्‍वी पर रात के आकाश में वह एक-दूसरे के नजदीक आते हुए दिखाई देंगे, क्‍योंकि सूर्य की परिक्रमा करते हुए उनकी कक्षा मेल खाएगी। यही वजह है कि एक-दूसरे से करोड़ों किलोमीटर दूर होने के बाद भी ये ग्रह पृथ्‍वी के आकाश में चमकते नजर आएंगे।  

जानकारी के अनुसार, भारत में यह नजारा 2 मार्च की शाम 5 बजे के बाद से दिखना शुरू होगा। वैसे 1 और 2 मार्च दोनों ही तारीखें महत्‍वपूर्ण हैं। इस दौरान चंद्रमा भी इनके पास ही नजर आएगा। हाल में भी ऐसा नजारा देखने को मिला था और अंतरिक्ष एजेंसियों ने इसकी तस्‍वीर शेयर की थी।  
 

By MINIMETRO LIVE

Minimetro Live जनता की समस्या को उठाता है और उसे सरकार तक पहुचाता है , उसके बाद सरकार ने जनता की समस्या पर क्या कारवाई की इस बात को हम जनता तक पहुचाते हैं । हम किसे के दबाब में काम नहीं करते, यह कलम और माइक का कोई मालिक नहीं, हम सिर्फ आपकी बात करते हैं, जनकल्याण ही हमारा एक मात्र उद्देश्य है, निष्पक्षता को कायम रखने के लिए हमने पौराणिक गुरुकुल परम्परा को पुनः जीवित करने का संकल्प लिया है। आपको याद होगा कृष्ण और सुदामा की कहानी जिसमे वो दोनों गुरुकुल के लिए भीख मांगा करते थे आखिर ऐसा क्यों था ? तो आइए समझते हैं, वो ज़माना था राजतंत्र का अगर गुरुकुल चंदे, दान, या डोनेशन पर चलती तो जो दान देता उसका प्रभुत्व उस गुरुकुल पर होता, मसलन कोई राजा का बेटा है तो राजा गुरुकुल को निर्देश देते की मेरे बेटे को बेहतर शिक्षा दो जिससे कि भेद भाव उत्तपन होता इसी भेद भाव को खत्म करने के लिए सभी गुरुकुल में पढ़ने वाले बच्चे भीख मांगा करते थे | अब भीख पर किसी का क्या अधिकार ? आज के दौर में मीडिया संस्थान भी प्रभुत्व मे आ गई कोई सत्ता पक्ष की तरफदारी करता है वही कोई विपक्ष की, इसका मूल कारण है पैसा और प्रभुत्व , इन्ही सब से बचने के लिए और निष्पक्षता को कायम रखने के लिए हमने गुरुकुल परम्परा को अपनाया है । इस देश के अंतिम व्यक्ति की आवाज और कठिनाई को सरकार तक पहुचाने का भी संकल्प लिया है इसलिए आपलोग निष्पक्ष पत्रकारिता को समर्थन करने के लिए हमे भीख दें 9308563506 पर Pay TM, Google Pay, phone pay भी कर सकते हैं हमारा @upi handle है 9308563506@paytm मम भिक्षाम देहि

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *